कलेक्टर और एसपी ने दूरस्थ गांवों में योजनाओं की जमीनी हकीकत परखी
जिले के सुदूर और दुर्गम क्षेत्रों में शासन की योजनाओं की वास्तविक स्थिति जानने के उद्देश्य से गुरुवार को सुकमा कलेक्टर श्री अमित कुमार एवं पुलिस अधीक्षक श्री किरण गंगाराम चव्हाण ने विकासखंड कोंटा के अत्यंत दूरस्थ ग्राम पिड़मेल, भेज्जी एवं डब्बाकोंटा का व्यापक दौरा किया। प्रशासनिक अमले के इस दौरे को जिले के अंतिम छोर तक शासन की पहुंच सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर एवं एसपी ने ग्रामीण अंचलों में संचालित शासकीय संस्थानों एवं विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की गहन समीक्षा की। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा योजनाओं के लाभ मिलने की स्थिति की जानकारी ली। इस अवसर पर संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।


स्वास्थ्य, शिक्षा और पीडीएस व्यवस्था की हुई गहन जांच
दौरे की शुरुआत ग्राम पिड़मेल से की गई, जहां अधिकारियों ने उप स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। यहां दवाओं की उपलब्धता, ओपीडी पंजी, टीकाकरण की स्थिति, मातृ-शिशु स्वास्थ्य सेवाएं एवं स्वास्थ्य कर्मचारियों की उपस्थिति की जांच की गई। कलेक्टर श्री अमित कुमार ने स्पष्ट निर्देश दिए कि दूरस्थ गांवों में स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमित रूप से चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
इसके पश्चात अधिकारियों ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) भवन का निरीक्षण किया। राशन वितरण की पारदर्शिता, हितग्राहियों को समय पर खाद्यान्न मिलने, वजन एवं स्टॉक रजिस्टर की जांच की गई। कलेक्टर ने कहा कि पीडीएस व्यवस्था ग्रामीणों की जीवनरेखा है, इसलिए इसमें किसी भी तरह की अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्राथमिक शाला के निरीक्षण के दौरान शिक्षकों की उपस्थिति, छात्रों की संख्या, मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता, कक्षा संचालन एवं स्कूल भवन की स्थिति का अवलोकन किया गया। अधिकारियों ने बच्चों से संवाद कर पढ़ाई-लिखाई की जानकारी ली और शिक्षकों को नियमित शिक्षण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
दूरस्थ क्षेत्रों में योजनाओं की समयबद्ध और पारदर्शी पहुंच पर जोर
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री अमित कुमार ने कहा कि शासन की मंशा है कि अंतिम व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचे। दूरस्थ और संवेदनशील क्षेत्रों में भी पात्र हितग्राहियों को सभी योजनाओं का लाभ समय पर, बिना भेदभाव और पूरी पारदर्शिता के साथ मिलना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नियमित निरीक्षण कर योजनाओं की सतत निगरानी की जाए।
पुलिस अधीक्षक श्री किरण गंगाराम चव्हाण ने ग्रामीणों को सुरक्षा व्यवस्था के प्रति आश्वस्त करते हुए कहा कि प्रशासन और पुलिस जनता के साथ खड़ी है। उन्होंने ग्रामीणों से निर्भीक होकर अपनी समस्याएं साझा करने की अपील की तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने का आग्रह किया।


ग्रामीणों से सीधा संवाद, समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश
दौरे के दौरान ग्रामीणों ने सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य सुविधाओं एवं संचार व्यवस्था से जुड़ी समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखीं। कलेक्टर ने संबंधित विभागों को इन समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
प्रशासनिक अमले का यह दौरा न केवल निरीक्षण तक सीमित रहा, बल्कि शासन और ग्रामीणों के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का माध्यम भी बना। इससे ग्रामीणों में विश्वास का माहौल बना और उन्हें यह संदेश मिला कि जिला प्रशासन उनकी समस्याओं के प्रति गंभीर है।
सुकमा, 30 जनवरी 2026/
संवाददाता – उइका नरेश











